संत अच्युतानंद दास ने भविष्य मालिका के नाम का ग्रंथ लिखा है। बताते हैं कि आप भगवान श्री कृष्ण के साथी सुदामा जी के अवतार थे। अच्युतानंद दास ने 318 पुस्तकें भविष्य के विषय पर लिखी है। इन पुस्तकों को अच्युतानंद मलिका के नाम से जाना जाता है। भविष्य मालिका के अनुसार धरती 3 चरणों से गुजरेगी। पहले में कलयुग का अंत, दूसरे में महाविनाश और तीसरा एक नया युग लेकर आएगा।

इस पुस्तक की प्रमुख भविष्यवाणियां बेहद डरावनी हैं। इसके अनुसार धरती की धुरी बदल जाएगी और कई भूंकप आएंगे। आसमान में दो सूर्य निकलने का प्रतीत होंगे जोकि आसमानी होगा और बंगाल की खाड़ी में गिरेगा तथा ओडिशा जलमग्न हो जाएगा। समुद्र का जलस्तर बढ़ जाएगा और जगन्नाथ मंदिर की 22वीं सीढी तक पानी आ जाएगा। प्राकृतिक आपदाओं के कारण धरती पर 7 दिनों तक अंधेरा रहेगा। यह घटना 2022 से 2029 के बीच होगी। भविष्य मालिका के अनुसार 2025 के बाद का समय एक विभिषिका के समान होगा और वहीं लोग बचेंगे तो सत्य और धर्म के मार्ग पर चलेंगे। लोग कीट- पंतंगों की तरह मरेंगे और विश्व की जनसंख्या घटकर 134 करोड़ से 64 करोड़ ही रह जाएगी। चीन तबाह हो जाएगा। रूस हिन्दू राष्ट्र बन जाएगा।
तीसरे विश्वयुद्ध की शुरुआत शनि के कुंभ राशि में प्रवेश करने पर हो जाएगी जो 6 साल 6 माह तक चलेगा। 13 मुस्लिम देशों के साथ मिलकर चीन भारत पर हमला करेगा। भारत की इसमें विजय होगी और भारत अपने दुश्मनों को खत्म कर विश्व गुरु बन जाएगा।